स्टॉक स्क्रीनर

इन्वेस्टमेंट आइडिया

बुक वैल्यू डिस्काउंट

बुक वैल्यू एक अकाउंटेंट का कंपनी की इक्विटी की वैल्यू का पैमाना है. इस स्क्रीनर का अहम आधार ये है कि मार्केट, अकाउंटेंट की तुलना में कम भरोसेमंद होते हैं क्योंकि मार्केट उतार-चढ़ाव वाले और तर्कहीन हो सकते हैं, जबकि अकाउंटेंट्स के अनुमान एक निश्चित दायरे में होते हैं. बुक से कम में स्टॉक ख़रीदना, वो दे सकता है जिसे बेन ग्राहम ने 'सेफ़्टी का मार्जिन' कहा था. दूसरी ओर, बुक वैल्यू पर भारी छूट में उपलब्ध स्टॉक में हाई रिस्क, कमज़ोर ग्रोथ आउटलुक और इक्विटी पर कम रिटर्न भी हो सकता है. इसलिए हमने इन सभी रिस्क के लिए ज़रूरी चेक लगाएं हैं. ये चेक इक्विटी, लेवरेज और ग्रोथ के आधार पर रिटर्न बताते हैं.

हाई डिविडेंड यील्ड

गायों को उनके दूध के लिए, मुर्गियों को उनके अंडों के लिए और स्टॉक को भगवान द्वारा, उनके डिविडेंड के लिए' एक लोकप्रिय अग्रेज़ी कविता है.ऊंचे डिविडेंड देने वाले स्टॉक नियमित आमदनी देते हैं ताकि निवेशकों को कैपिटल के बढ़ने पर ही निर्भर नहीं रहना पड़े. गिरावट के वक़्त ये निवेशकों को कम पूंजी में या बिल्कुल पूंजी न बढ़ने पर भी बाज़ार में बने रहने का मौक़ा देते हैं. हालांकि ख़रीदने वालों को सावधान रहना चाहिए कि डिवीडेंड किसी छिटपुट बौछार के बजाय स्थिर होने चाहिए और ऊंचे डिवीडेंड कंपनी की तरक़्क़ी को कम कर सकते हैं क्योंकि डिवीडेंड देने के बाद कंपनी के पास निवेश के लिए कम ही पैसा बचता है. ऐसे डिविडेंड को बनाए रखना मुश्किल होता है.

सस्ते क्वालिटी स्टॉक

सेफ़्टी फ़र्स्ट. ये फ़िल्टर कंपनियों की मज़बूती जांचने और वैल्युएशन के लिए हमारे ज़रूरी चेक फ़िल्टर्स (स्‍टॉक पेजों पर उपलब्‍ध) का इस्तेमाल करता है. इस सेफ़्टी चेक में शामिल है, ऑल्टमैन ज़ेड-स्कोर जो किसी फ़ाइनेंशियल मुश्किल की संभावना का पता लगाता है; मॉडिफ़ाइडC-स्कोर, क्रिएटिव अकाउंटिंग की गुंजाइश ख़त्‍म करता है और पियोत्रोस्की F-स्कोर, पिछले साल के फ़ाइनेंशियल परफ़ॉर्मेंस की तुलना करता है. इसके लिए, हम कंपनी के प्राइस-टू-अर्निंग रेशियो, प्राइस-टू-अर्निंग ग्रोथ और अर्निंग यील्ड से जुड़े टेस्ट शामिल करते हैं. इसका जो नतीजा निकलता है वो 'सेफ़ मगर प्राइसी' होता है.

वैल्यू गुरु स्क्रीन

सीज़नल